उत्तराखंड की राजधानी के दून चिड़ियाघर को मिला नया ‘स्टार’, हिमालयन ब्लैक बियर ‘बल्लू’ का करें दीदार……
देहरादून: दून चिड़ियाघर में अब पर्यटक हिमालयन ब्लैक बियर ‘बल्लू’ का दीदार कर सकेंगे, जिसे कनासर से लाया गया है। प्रकृति की गोद में बसे देहरादून चिड़ियाघर में अब पर्यटकों को एक नया और खास आकर्षण देखने को मिलेगा। पहली बार चिड़ियाघर में हिमालयन ब्लैक बियर को शामिल किया जा रहा है। ‘बल्लू’ नाम का करीब दो साल का भालू अब यहां की नई पहचान बनने जा रहा है। बंगाल टाइगर के बाद यह दूसरा सबसे आकर्षक जीव साबित हो सकता है।
बुधवार को वन मंत्री और वन विभाग के उच्चाधिकारियों की मौजूदगी में भालू के विशेष बाड़े को आम जनता के लिए खोल दिया जाएगा। करीब 1000 वर्गमीटर क्षेत्र में तैयार किया गया यह बाड़ा अब ‘बल्लू’ की चहलकदमी से गुलजार रहेगा। बल्लू को करीब एक साल पहले चकराता क्षेत्र के कनासर से यहां लाया गया था। शुरुआत में उसे नये माहौल के अनुरूप ढालने के लिए विशेषज्ञों की टीम ने लगातार निगरानी की।
बल्लू का मेडिकल परीक्षण और स्वभाव भांपने के बाद उसे काफी समय तक निगरानी में रखा गया। अब जब उसका व्यवहार शांत और मिलनसार पाया गया, तब उसे पर्यटकों के लिए प्रदर्शित करने का निर्णय लिया गया है। चिड़ियाघर प्रशासन के मुताबिक, बल्लू खाने-पीने का भी शौकीन है। उसे खरबूज और तरबूज बेहद पसंद हैं। इसके अलावा उसकी डाइट में शहद, मूंगफली और रोटी शामिल है, जबकि समय-समय पर उसे मांस भी दिया जाता है।
मिनी जू का बड़ा होता फलक
देहरादून का चिड़ियाघर मिनी जू की श्रेणी में आता है। पहले मालसी डियर पार्क के नाम से मशहूर इस परिसर को विस्तार दिया गया और वन्यजीवों की संख्या बढ़ाई गई। जिस पर राष्ट्रीय चिड़ियाघर प्राधिकरण ने इसे मिनी जू की मान्यता दी। उसके बाद से लगातार यहां सुविधाओं का भी इजाफा हुआ।
अब यहां दो बंगाल टाइगर, तीन गुलदार यहां की शान बढ़ा रहे हैं। साथ ही पहले से ही चीतल, काकड़, सांभर, नीलगाय, गड़ियाल समेत विभिन्न प्रजाति के पक्षी जू की शोभा बढ़ा रहे हैं। इसके साथ ही यहां एक सर्पबाड़ा और एक एक्वैरियम सेक्शन है। चिड़ियाघर के प्रभारी क्षेत्राधिकारी विनोद लिंगवाल ने कहा कि अब ‘बल्लू’ के आने से पर्यटकों, खासकर बच्चों के लिए आकर्षण और भी बढ़ जाएगा।


