उत्तराखंड के हरिद्वार में अवैध मजार पर चला बुलडोजर, 10 बीघा सरकारी जमीन कब्जामुक्त…..

हरिद्वार: उत्तराखंड में सरकारी भूमि पर अवैध कब्जों के खिलाफ प्रशासन की सख्त कार्रवाई जारी है। इसी क्रम में हरिद्वार जिले के गढ़मीरपुर क्षेत्र में जिला प्रशासन ने अवैध रूप से बनाई गई एक मजार को ध्वस्त कर करीब 10 बीघा सरकारी भूमि को कब्जामुक्त कराया है। कार्रवाई के बाद प्रशासन ने स्पष्ट किया कि मजार के नीचे किसी प्रकार के अवशेष नहीं मिले हैं।

प्रशासनिक जानकारी के अनुसार Garhmirpur गांव के पास स्थित सुमननगर क्षेत्र में बरसाती नदी के किनारे टिहरी विस्थापितों के पुनर्वास के लिए जमीन आवंटित की गई थी। समय के साथ कुछ लोगों ने यहां मजार बनाकर जमीन पर कब्जा कर लिया। स्थानीय लोगों की शिकायतों के बाद प्रशासन ने मामले की जांच शुरू की और संबंधित लोगों को नोटिस जारी कर दस्तावेज प्रस्तुत करने को कहा।

नोटिस के बाद भी जवाब नहीं, तोड़ी गई अवैध मजार
तय समय सीमा में संतोषजनक जवाब न मिलने पर प्रशासन ने कार्रवाई का फैसला लिया। बुधवार सुबह प्रशासन की टीम मौके पर पहुंची और बुलडोजर की मदद से कुछ ही घंटों में पूरे अवैध ढांचे को ध्वस्त कर दिया। इस दौरान कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए भारी पुलिस बल भी तैनात किया गया था।

हरिद्वार के जिलाधिकारी मयूर दीक्षित ने बताया कि जनपद में सरकारी भूमि पर किए गए सभी प्रकार के अवैध अतिक्रमण को हटाने की कार्रवाई लगातार जारी है। उन्होंने कहा कि गढ़मीरपुर क्षेत्र में भी शिकायत मिलने के बाद नोटिस जारी किया गया था, लेकिन जवाब न मिलने पर कार्रवाई करनी पड़ी। प्रशासन ने साफ किया कि जिले में कहीं भी अवैध कब्जा बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

यह कार्रवाई सीएम पुष्कर सिंह धामी के सख्त निर्देशों के तहत की जा रही है, जिनमें कहा गया है कि सरकारी जमीन पर धार्मिक ढांचे बनाकर किए गए अतिक्रमण के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाए। इससे पहले भी हरिद्वार के सुमननगर, बहादराबाद और आसपास के क्षेत्रों में ऐसी कार्रवाई की जा चुकी है।

हरिद्वार प्रशासन द्वारा की गई यह कार्रवाई अवैध अतिक्रमण के खिलाफ सख्त संदेश के रूप में देखी जा रही है। लगातार चल रहे इस अभियान के तहत भविष्य में भी ऐसे अवैध कब्जों को हटाने की कार्रवाई जारी रहने की संभावना है।