उत्तराखंड में ऋषिकेश को मिलेगा गंदगी से छुटकारा, गोविंद नगर से हटेगा कूड़े का पहाड़……

ऋषिकेश: शहर के बीचों-बीच गोविंद नगर से कूड़े का पहाड़ हटने की उम्मीद जगी है। शासन ने नगर निगम की ओर से भेजी गई डीपीआर स्वीकृत कर दी है। अब नगर निगम टेंडर आमंत्रित करने की तैयारी में है। अगले माह में निगम आस्था पथ पर भी ग्रीनरी डेवलपमेंट का काम कराएगा।

शनिवार को नगर निगम में महापौर शंभू पासवान ने राष्ट्रीय वायु सुधार कार्यक्रम के तहत किए जा रहे कामों को लेकर समीक्षा बैठक की। नगर आयुक्त गोपाल राम बिनवाल ने पीपीपी मोड पर स्थापित किए जा रहे चार्जिंग स्टेशनों की जानकारी दी।

बताया कि गोविंद नगर स्थित ट्रेंचिंग ग्राउंड में लीगेसी वेस्ट के निस्तारण के लिए भेजी गई डीपीआर शासन से स्वीकृत हो चुकी है। जल्द निविदा आमंत्रित कर काम करवाया जाएगा। आस्था पथ पर भी ग्रीनरी डेवलपमेंट का कार्य करवाया जाएगा।

निर्माण सामग्री को ढककर ले जाने के लिए कहा
महापौर ने कहा कि ऋषिकेश- कर्णप्रयाग रेल लाइन योजना के तहत प्रतिदिन बड़ी संख्या में रेत बजरी व सीमेंट वाले डंपरों, ट्रकों का आवागमन ऋषिकेश से होता है। जिस कारण मार्गों पर धूल मिट्टी एवं डस्ट पार्टिकल्स हवा में उड़ते हैं। जिस कारण वायु प्रदूषण रहता है।

परिवहन विभाग को ऐसे वाहनों को निर्माण सामग्री को ढककर ले जाने के लिए कहा। निगम की ओर से 30 लाख की धनराशि एआरटीओ ऋषिकेश कार्यालय को हस्तांतरित की गई। जिससे शहर के विभिन्न स्थानों पर ट्रैफिक जंक्शन में सुधार करने व ट्रैफिक जाम के कारण बढ़ते वायु प्रदूषण को नियंत्रित किए के लिए काम किए जाएंगे।

सहायक नगर आयुक्त चंद्रकांत भट्ट ने बताया कि कुछ शासकीय विभागों के परिसर से प्रतिदिन कूड़ा जलाए जाने की घटनाएं संज्ञान में आ रही है। जिस पर नगर आयुक्त ने सभी विभागों को पत्र जारी करने के आदेश दिए।

बैठक में एआरटीओ आरएस कटारिया, अनूप लिंगवाल, वन विभाग के प्रकाश अंथवाल, लोनिवि से विनोद भारती, नगर निगम के अवर अभियंता संदीप रतूड़ी, डोर टू डोर कूड़ा कलेक्शन कंपनी से अक्षय कुमार, डाली भट्ट आदि मौजूद रहे।