उत्तराखंड में मंत्रिमंडल की भरेंगी खाली कुर्सियां। दायित्व धारी के लिए भी खुलेगी लॉटरी…….

देहरादून: उत्तराखंड में धामी सरकार के मंत्रिमंडल विस्तार को लेकर लंबे समय से चल रही अटकलों पर अब विराम लगने के संकेत मिल रहे हैं। विश्वसनीय सूत्रों के अनुसार, नवरात्र के शुभ अवसर पर कैबिनेट विस्तार का एलान किया जा सकता है। वर्तमान में मंत्रिमंडल में पांच पद रिक्त हैं, जिन्हें भरने की प्रक्रिया अंतिम चरण में बताई जा रही है।

बताया जा रहा है कि संभावित मंत्रियों के चयन के लिए विधायकों के पिछले चार वर्षों के कार्यों का मूल्यांकन किया जा रहा है। इसके साथ ही क्षेत्रीय और जातीय संतुलन को ध्यान में रखते हुए नामों पर मंथन जारी है, ताकि आगामी 2027 विधानसभा चुनाव में पार्टी की रणनीति को मजबूती मिल सके।

सरकार और संगठन के बीच इस विषय पर कई दौर की चर्चा हो चुकी है और अब नवरात्र को शुभ मुहूर्त मानते हुए निर्णय की घोषणा संभव मानी जा रही है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी और भाजपा प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट भी पूर्व में विस्तार के संकेत दे चुके हैं।

मंत्रिमंडल में रिक्त पदों की संख्या पहले से तीन थी, जबकि चंदन रामदास के निधन और प्रेमचंद अग्रवाल के इस्तीफे के बाद यह संख्या बढ़कर पांच हो गई। इन सभी पदों को भरने के लिए नामों पर गंभीरता से विचार किया जा रहा है।

इसके अलावा, पार्टी संगठन में भी बड़े स्तर पर दायित्वधारियों की नियुक्ति की तैयारी है। सूत्रों का कहना है कि निगमों, बोर्ड और आयोगों में पहले से नियुक्त पदाधिकारियों के अलावा करीब दो दर्जन नए दायित्वधारी बनाए जा सकते हैं। इससे संगठन को मजबूत करने के साथ कार्यकर्ताओं को भी जिम्मेदारी देने की रणनीति पर काम हो रहा है।

कुल मिलाकर, धामी सरकार का यह कदम न सिर्फ प्रशासनिक दृष्टि से अहम माना जा रहा है, बल्कि इसे आगामी चुनावों की तैयारी के तौर पर भी देखा जा रहा है।